विश्वास नहीं कर सकते.| Swami Vivekananda |

विश्वास नहीं कर सकते.| Swami Vivekananda |

वे अकेले ही जिंदा हैं, जो दूसरो के लिए जिंदा हैं,
बाकी सब जिंदा होते हुए भी मरे हुए के समान हैं |
They are alive alone, alive for others,
Everyone else, while alive, is like a dead person.
ve akele hee jinda hain, jo doosaro ke lie jinda hain,
baakee sab jinda hote hue bhee mare hue ke samaan hain |

हम वो हैं जो हमें हमारी सोच ने बनाया है, इसलिए इस बात का धयान रखिये कि आप क्या सोचते हैं. शब्द गौण हैं. विचार रहते हैं, वे दूर तक यात्रा करते हैं.
We are what our thinking has made us, so take care of what you think. Words are secondary. The thoughts remain, they travel far away.
ham vo hain jo hamen hamaaree soch ne banaaya hai, isalie is baat ka dhayaan rakhiye ki aap kya sochate hain. shabd gaun hain. vichaar rahate hain, ve door tak yaatra karate hain.

जब तक आप खुद पे विश्वास नहीं करते तब तक आप भागवान पे विश्वास नहीं कर सकते.
You cannot believe in Bhagwan until you believe in yourself.
jab tak aap khud pe vishvaas nahin karate tab tak aap bhaagavaan pe vishvaas nahin kar sakate.

सत्य को हज़ार तरीकों से बताया जा सकता है, फिर भी हर एक सत्य ही होगा.
Truth can be told in a thousand ways, yet each will be true.
saty ko hazaar tareekon se bataaya ja sakata hai, phir bhee har ek saty hee hoga.

विश्व एक व्यायामशाला है जहाँ हम खुद को मजबूत बनाने के लिए आते हैं.
The world is a gym where we come to strengthen ourselves.
vishv ek vyaayaamashaala hai jahaan ham khud ko majaboot banaane ke lie aate hain.

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